May 18, 2024 10:13 pm

Search
Close this search box.

देश में हुई फिर नोट बंदी दो हजार के नोट सर्कुलेशन से बाहर होंगे आर. बी.आई. इन्हें लेगा वापस

Picture of BAHUJAN NEWS DESK

BAHUJAN NEWS DESK

लखनऊ। भारतीय रिजर्व बैंक ने सबसे बड़ी करेंसी 2000 रुपए के नोट पर बड़ा फैसला लिया है। रिजर्व बैंक के अनुसार, 2000 रुपए का नोट लीगल टेंडर तो रहेगा, लेकिन इसे सर्कुलेशन से बाहर कर दिया जाएगा। भारतीय रिजर्व बैंक ने देश के बैंकों को सलाह दी है कि 2000 रुपए के मूल्य के नोट को तत्काल प्रभाव से जारी करना बंद कर दिया जाए। ‘क्लीन नोट पॉलिसी’ के तहत रिजर्व बैंक ने ये फैसला लिया है। रिजर्व बैंक ने साल 2016 में हुई नोटबंदी के बाद रिजर्व बैंक ने 2000 रुपए के नोट को जारी किया था। 30 सितंबर बैंकों में बदल सकेंगे।

देश में 2000 के नोट सबसे ज्यादा चलन में वर्ष 2017-18 के दौरान रहे। इस दौरान बाजार में 2000 के 33,630 लाख नोट चलन में थे। इनका कुल मूल्य 6.72 लाख करोड़ रुपए था। 2021 में केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने लोकसभा में ये जानकारी दी थी कि पिछले दो साल से 2000 रुपये के एक भी नोट की छपाई नहीं हुई है।

2016 चलन में आया था 2000 रुपए का नोट

भले ही देश में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले 500 और 1000 रुपये के नोट एकाएक चलन से बाहर हो गए और उनकी जगह 2000, 500 और 200 के नए नोटों ने ले ली। शुरुआती दौर में थोड़ी शिथिलता के बाद देश में नोटों का चलन साल-दर-साल फिर से बढ़ता ही गया है। नोटबंदी के सात साल के बाद भी देश में करेंसी नोटों के चलन में खासी तेजी देखने को मिल रही है। अब देश में कैश सर्कुलेशन करीब 80 फीसदी बढ़ चुका है। हालांकि, नोटबंदी जैसे फैसलों से लगे झटके से उबारने में डिजिटल पेमेंट या कैशलेस पेमेंट में भी खासी तेजी आई है, जो कोरोना काल से और भी बढ़ा है।

8 नवंबर 2016 को देश में नोटबंदी हुई थी

8 नवंबर की ये तारीख देश में एक बड़े फैसले और बदलाव की गवाह है। दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 8 नवंबर 2016 को देश में नोटबंदी का ऐलान किया था। इसके बाद उसी दिन आधी रात से 500 और 1000 के नोट चलन भारत में बैन हो गया और ये चलन से बाहर कर दिए गए थे। सरकार के इस फैसले से देश में काफी उथल-पुथल मची, लेकिन फिर नए नोट करेंसी मार्केट का हिस्सा बने।

What does "money" mean to you?
  • Add your answer
error: Content is protected !!